श्रेय और प्रेय : कठोपनिषद जीवन के चुनावों को कैसे देखता है
दो रास्तों की चर्चा नचिकेता के प्रश्न के बाद यम एक महत्वपूर्ण बात कहते हैं. वे कहते हैं कि मनुष्य के सामने अक्सर दो प्रकार के मार्ग होते हैं. एक है श्रेय.दूसरा है प्रेय. ये दोनों शब्द छोटे हैं, लेकिन इनके पीछे एक गहरा विचार छिपा है. प्रेय क्या है प्रेय उस चीज़ को कहा…