वेदों में ऋषि की भूमिका : द्रष्टा, कर्ता नहीं
क्या ऋषि वेदों के लेखक थे आधुनिक दृष्टि से हम किसी भी ग्रंथ को लेखक से जोड़ते हैं। इसलिए स्वाभाविक है कि लोग पूछें — वेद किसने लिखे? वैदिक परंपरा का उत्तर थोड़ा अलग है। वहाँ ऋषियों को वेदों का रचयिता नहीं, बल्कि “द्रष्टा” कहा गया है। द्रष्टा अर्थात वह जिसने देखा या अनुभूत किया।…